शनिवार, 9 जुलाई 2011

इतिहास में यात्राएं

- डांडी मार्च- मार्च 1930 में महात्मा गांधी ने नमक पर लगाये जा रहे कर के विरोध में साबरमती आश्रम से डांडी तक की 240 किलोमीटर की यात्रा की और नमक कानून तोड़ा।

- विनोबा भावे  ने 1951 में भूदान आंदोलन शुरू किया, जिसके तहत वे और उनके समर्थक कार्यकर्ताओं ने गांव-गांव घूम-घूम कर लोगों को भूदान के लिए तैयार किया।

- पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर ने जनवरी 1983 में कन्याकुमारी से राजघाट तक की 171 दिन की 4260 किलोमीटर की पदयात्रा की।

- आंध्र प्रदेश के मुख्य मंत्री वाइएसआर राजशेखर रेड्डी ने जनसंपर्क अभियान के तहत 2003 में प्रदेश में 64 दिनों में डेढ़ हजार किलोमीटर की यात्रा की।

- 1987 में अभिनेता सुनील दत्त ने मुंबई से अमृतसर स्वर्ण मंदिर तक 78 दिनों में 2000  किलोमीटर की महाशांति पदयात्रा की।

- 1990 में भाजपा नेता लालकृष्ण आडवानी ने देश को राम जन्मभूमि के बारे में जागरूक करने के लिए गुजरात के सोमनाथ मंदिर से अयोध्या तक की रथयात्रा शुरू की, नतीजतन देश बाबरी कांड का गवाह बना 

- बीजेपी के युवा नेता अनुराग ठाकुर ने 12 जनवरी, 2011 को लाल चौक पर तिरंगा फहराने के लिए कोलकाता से यात्रा शुरू की, मगर उनके गन्तव्य तक पहुंचने से पहले उनकी 3037 किलोमीटर की यात्रा पर विराम लगा गया।  

-1991-92 में भाजपा नेता मुरली मनोहर जोशी ने कन्याकुमारी से श्रीनगर तक राष्ट्रीय एकता यात्रा की और लाल चौक पर पहली बार तिरंगा फहराया।

- 1983 में एनटी रामाराव ने चैतन्य रथम यात्रा के अंतर्गत आंध्र प्रदेश में 40 हजार किलोमीटर की यात्रा की और सत्ता में आये। 

राहुल गाँधी ने कथित तौर पर किसानो के समर्थन में भट्टा पारसौल से टप्पल तक की यात्रा की 

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